अब तो मान जाओ सच्चाई से आँखें मत चुराओ सावन...
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खामोशियाँ भी गवाही देती है ध्यान से सुन मुखबिर
खामोशियाँ भी गवाही देती है ध्यान से सुन मुखबिर क्योकि...
Continue reading...दर्द से पूछा हमने तू लोगो को तकलीफ़ देता है
दर्द से पूछा हमने तू लोगो को तकलीफ़ देता है...
Continue reading...बस दो पल ही तो माँग रही थी दुख कम करने का सहारा तुझसे बाँध रही थी
बस दो पल ही तो माँग रही थी दुख कम...
Continue reading...इंसानियत का आकाल इस तरह बढ़ता जा रहा है
इंसानियत का आकाल इस तरह बढ़ता जा रहा है , कि...
Continue reading...हमने लाबो से गुज़ारिश की थी खामोश रहना
हमने लाबो से गुज़ारिश की थी खामोश रहना आँखों से...
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